Showing posts with label govt-ready-to-make-electronics-manufacturing-hubs. Show all posts
Showing posts with label govt-ready-to-make-electronics-manufacturing-hubs. Show all posts

Wednesday, June 18, 2014

इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्यूफैक्चरिंग हब बनाने की तैयारी में सरकार

 विकास की आधुनिक सोच के तहत सरकार देश को इलेक्ट्रॉनिक मैन्यूफैक्चरिंग हब बनाने की तैयारी में जुट गई है। इस दिशा में सरकार ने देश के आठ शहरों की पहचान की है, जहां इलेक्ट्रॉनिक मैन्यूफैक्चरिंग इकाई लगाने पर विभिन्न प्रोत्साहन और सब्सिडी दी जाएगी। इसके अलावा चिप निर्माण को प्रोत्साहन देने के लिए सरकार ने सात ग्रीनफील्ड इलेक्ट्रॉनिक मैन्यूफैक्चरिंग क्लस्टरों की स्थापना को भी बढ़ावा देने का निर्णय किया है।
 सरकार का इरादा देश में इलेक्ट्रॉनिक मैन्यूफैक्चरिंग की बुनियाद मजबूत करना है, ताकि इन उत्पादों के लिए आयात पर निर्भरता कम की जा सके। सेमी कंडक्टर चिप निर्माण के लिए आवश्यक फैब मैन्यूफैक्चरिंग को भी सरकार बड़े स्तर पर प्रोत्साहन देने जा रही है।

संचार, सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री की पहली प्राथमिकता
संचार, सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने बताया कि इलेक्ट्रॉनिक मैन्यूफैक्चरिंग उनकी प्राथमिकताओं में शीर्ष पर है। 'यह रोजगारोन्मुख उद्योग है और इससे करीब 2.8 करोड़ लोगों को रोजगार मिलेगा।' सब्सिडी के जरिये इलेक्ट्रॉनिक मैन्यूफैक्चरिंग इकाई लगाने के लिए जिन शहरों का चयन किया गया है, उनमें गाजियाबाद, वडोदरा, गांधीनगर, अहमदाबाद, औरंगाबाद, नासिक, ठाणे और नागपुर शामिल हैं। इसके अलावा भोपाल, हैदराबाद, महेश्वर, भिवाड़ी, जबलपुर, काकानाड और होसूर में ग्रीनफील्ड क्लस्टर लगाए जाने की योजना है। इन शहरों में इकाई लगाने पर मोडिफाइड स्पेशल इंसेंटिव पैकेज स्कीम के तहत सब्सिडी मिलेगी। स्कीम की अधिसूचना जुलाई, 2012 में ही जारी कर दी गई थी। लेकिन पिछली संप्रग सरकार ने इस दिशा में अब तक कोई कदम नहीं उठाया था। इस स्कीम के तहत नई इकाई लगाने या मौजूदा क्षमता के 25 फीसद विस्तार पर हुए पूंजी खर्च के रिफंड का प्रावधान है। सरकार ने अब इस स्कीम के तहत आठ नए शहरों को जोड़ा है। अपने मंत्रालय की प्राथमिकताएं गिनाते हुए प्रसाद ने दूरसंचार क्षेत्र की दोनों सरकारी कंपनियों बीएसएनएल और एमटीएनएल के कायापलट पर जोर दिया। संचार मंत्री ने बताया कि दोनों कंपनियों के प्रबंधन को अपनी सेवाओं में सुधार लाने के निर्देश दिए हैं। इन कंपनियों की सेवाओं को निरंतर निगरानी में रखा जाएगा। इसके लिए संचार मंत्री ने अपने चैंबर में ही मॉनीटरिंग की व्यवस्था की है। जहां तक डाक विभाग के आधुनिकीकरण का सवाल है प्रसाद ने बताया कि सरकार का जोर पोस्टल बैंकिंग पर है। इससे देश के ग्रामीण क्षेत्रों में वित्तीय समावेश को बढ़ावा देने में मदद मिलेगी।
इन शहरों में मिलेगी सब्सिडी
गाजियाबाद, वडोदरा, गांधीनगर, अहमदाबाद, औरंगाबाद, नासिक, ठाणे और नागपुर।